मैं भी आम लोगों की तरह ही हूं : दिव्या दत्ता

नई दिल्ली ( प्रेमबाबू शर्मा )
फिल्म ‘वीर जारा’ से ‘हिरोइन’ में अपने अभिनय का लोहा मनवा चुकीं अभिनेत्री दिव्या दत्ता उम्रभर अभिनय करना चाहती हैं। दिव्या दत्ता आज एक सफल और लोकप्रिय अभिनेत्री हैं। उन्होंने मुख्यधारा, स्थानीय और अंतर्राष्ट्रीय हर तरह के सिनेमा में अपनी छाप छोड़ी है और अपने अभिनय करियर में एक से बढकर एक और बहुरंगी भूमिकाएं निभाई हैं। जब दिव्या दत्ता ने फिल्म ‘इश्क में जीना इश्क में मरना’ में काम किया तो अदित्य पंचोली के साथ जोडी को तो पंसद किया गया,लेकिन दिव्या को इसका खास लाभ तो नही मिला, लेकिन उनकी मेहनत रंग लाई। दिव्या ने अपने 17 साल के करियर में फिल्म सुरक्षा,अग्निसाक्षी,राजा की आयेगी बारात, घरवाली बाहरवाली, राजा जी, कसूर, शक्ति, प्राण जाए पर वचन ना जाए, अग्निपंख, मर्डर, नाम गुम जायेगा, अपने, दिल्ली 6, स्पेशल, यू एंड मी, भाग मिल्खा भाग, टैªफिक, रागिनी एमएमएस में लीक से हटकर काम करने का प्रयास किया। इन दिनों दिव्या लाइफ ओके का लोकप्रिय क्राइम शो सावधान इंडिया होस्ट कर रही हैं। पिछलंे दिनों  दिव्या का दिल्ली के एक पांच सितारा होटल में आना हुआ अपने क्राइम शो के प्रमोशन लिए। इसी दौरान प्रेमबाबू शर्मा से उनकी बातचीत हुई पेश है,मुलाकात के ही चुनिंदा अंशः-
फिल्मों से शो होस्ट करने तक का सफर किस तरह संभव हुआ?
               जिंदगी में अलग-अलग तरह के रंग होने चाहिए और मैं अपने अभिनय के साथ प्रयोग करना और चुनौतीपूर्ण भूमिकाएं निभाना पसंद करती हूं। सावधान इंडिया होस्ट करना एक ऐसा अनुभव है जिसे मैं बहुत पहले से लेना चाहती थी। मैं जागरूक इंसान हूं और इस शो में सीखने के लिए बहुत कुछ है।
होस्ट करते हुए किस तरह की चुनौतियों का सामना करना पड़ा?
                  होस्टिंग हर किसी के बस की बात नहीं। इसके लिए दर्शकों से जुडना और उनको अपने साथ जोडना पड़ता है। होस्ट शो का सूत्रधार होता है। होस्ट करने वाले के अंदर जुडने का गुण होना चाहिए। मेरे खयाल से होस्टिंग उन बिंदुओं को जोडने की कला है जिससे एक लाइन बनती है। सावधान इंडिया के साथ मैंने बहुत कुछ सीखा है। पटकथा और संवाद बेहतरीन और चुनौतीपूर्ण होते हैं और होस्ट करने वाले के कंधों पर इसे प्रभावी ढंग से प्रेषित करने की जिम्मेदारी होती है।
सुशांत सिंह और मोहित मलिक के साथ काम करने का अनुभव कैसा रहा?
                   हमें साथ शूट करने का मौका नहीं मिला है लेकिन हम संपर्क में रहते हैं। हम सिटी टूर्स पर साथ भी जाते हैं। सुशांत हो होस्टिंग में माहिर हैं और यह उनका चैथा साल है। सुशांत जानकारी का अथाह भण्डार हैं। इतने एपिसोड होस्ट कर चुके सुशांत इस कला में सिद्ध हो चुके हैं और दर्शकों के साथ उनका जुड़ाव कमाल का है। उनसे बहुत कुछ सीखा जा सकता है।
सावधान इंडिया की नई टैगलाइन और नए सीजन के बारे में बताइए?
                    शो पांचवे सीजन में और भी हार्ड हिटिंग अवतार में आ रहा है। फाइटिंग बैक के साथ अब हम दर्शकों से बिना किसी अपराधबोध के फाइट बैक करने को प्रेरित कर रहा है। टैगलाइन है डर कर नहीं डट कर जो मेरे खयाल से यह बहुत प्रभावी है जो दर्शकों को अपील करेगा। हम उम्मीद करते हैं हम दर्शकों से जुड़ाव स्थापित कर सकेंगे और हर किसी के मन में प्रभाव डाल सकेंगे। हम लोगों से सभी डरों और परेशानियों को जीत कर अपराध के खिलाफ खड़े होने की अपील कर रहे हैं।
टीवी के बाद में क्या फिल्मों में भी काम करेगीं ?
जी हाॅ,बशर्त रोल अच्छा होना चाहिए।

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